गोंदिया:गोंदिया जिले में संचालित ‘शिवभोजन’ योजना पिछले 10 महीनों से अनुदान के अभाव के कारण गंभीर संकट का सामना कर रही है। राज्य सरकार द्वारा गरीबों के लिए चलाई जा रही यह योजना दोपहर 12 से 3 बजे के बीच जरूरतमंद नागरिकों को मध्यान्ह भोजन उपलब्ध कराती है। प्रतिदिन सैकड़ों गरीब, मजदूर और विद्यार्थी इस योजना का लाभ लेते हैं।
हालांकि, बीते 10 महीनों से निधि न मिलने के कारण शिवभोजन केंद्रों की आर्थिक स्थिति अत्यंत दयनीय हो गई है। किराना सामग्री, सब्जियां, गैस सिलेंडर तथा कर्मचारियों के वेतन जैसे आवश्यक खर्च पूरे करना मुश्किल हो गया है। कई केंद्र संचालकों ने उधारी या कर्ज लेकर केंद्र चलाने का प्रयास किया, लेकिन अब उनकी सीमाएं समाप्त होती जा रही हैं।
केंद्र संचालकों का कहना है कि यदि शीघ्र अनुदान स्वीकृत नहीं हुआ तो योजना पूरी तरह बंद होने की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। कुछ केंद्रों ने पहले ही भोजन वितरण का समय कम कर दिया है, जिससे गरीब नागरिकों को सीधे तौर पर भोजन की समस्या झेलनी पड़ सकती है।
संचालकों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि अनुदान जारी नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। इस पृष्ठभूमि में स्थानीय प्रशासन से त्वरित हस्तक्षेप कर अनुदान प्रक्रिया शुरू करने की मांग की जा रही है। नागरिक और केंद्र संचालक दोनों ही इस योजना के सुचारु संचालन के लिए सरकार से शीघ्र निर्णय की अपेक्षा कर रहे हैं।









