भरतपुर। भरतपुर के नदबई में आयोजित एक भव्य राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने लगभग 72 लाख किसानों को मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की चौथी किस्त के रूप में करीब 718 करोड़ रुपये की राशि हस्तांतरित की। इस अवसर पर उन्होंने किसानों को सम्मान देते हुए कहा कि किसान हमारे राष्ट्र निर्माता और भारत की आत्मा हैं।
भवन और मंच से संबोधन करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “कृषक जब अपने खेतों में दिन-रात मेहनत करता है, तभी हमारी थाली में भोजन आता है। अन्नदाता शब्द समाज में किसान के सम्मान, गरिमा और महत्व को दर्शाता है। हमारा किसान समृद्ध होगा तो देश और प्रदेश भी विकसित होगा। इसलिए राज्य की ‘डबल इंजन’ सरकार किसानों की समृद्धि के लिए दिन-रात कार्य कर रही है।”
भजनलाल शर्मा ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों के कल्याण के लिए किसान सम्मान निधि योजना प्रारंभ की थी। राजस्थान सरकार इसके तहत किसानों को अतिरिक्त 3,000 रुपये भी देती है, जो केन्द्रीय योजना के तहत प्रतिवर्ष दी जाने वाली 6,000 रुपये की राशि के अतिरिक्त है। अब तक 70 लाख से अधिक किसानों को इस अतिरिक्त राशि के रूप में 1,355 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए जा चुके हैं।
मुख्यमंत्री ने पीएम धन धान्य कृषि योजना और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत राज्य में किसानों को मिलने वाले लाभों का उल्लेख करते हुए कहा कि बीते दो वर्षों में साढ़े सात करोड़ से अधिक फसल बीमा पॉलिसियां जारी की गईं, और लगभग 5,965 करोड़ रुपये के बीमा क्लेम वितरित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने लगभग 78 लाख किसानों की भूमि का सत्यापन किया, 75 लाख किसानों की आधार सीडिंग और 71 लाख किसानों का ई-केवाईसी कार्य पूरा किया गया है।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने गोपाल क्रेडिट कार्ड योजना, सौर पंप सेट स्थापना, ड्रिप और मिनी फव्वारा सेट, प्याज भंडारण गृहों और कृषि यंत्रों पर दिए गए अनुदान का भी जिक्र किया। उन्होंने किसानों को परम्परागत और आधुनिक खेती दोनों अपनाने का आह्वान किया और कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी किसान किसी भी सुविधा से वंचित न रहे।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों से वीसी के माध्यम से जुड़े लाभार्थी किसानों के साथ संवाद किया। सिरोही, अलवर, चित्तौड़गढ़ और कोटा जिले के किसानों ने राज्य और केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के लिए आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा, जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत, गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढ़म सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री ने किसानों को दिवाली की शुभकामनाएं दी और कहा, “किसान का सम्मान ही समाज का सम्मान है, और हमारी सरकार इसी दिशा में लगातार प्रयासरत है।”








