नागपुर। उपराजधानी के सरकारी दंत चिकित्सालय एवं अस्पताल (दंत चिकित्सा) में रेजिडेंट डॉक्टरों का वेतन पिछले तीन महीनों से रुका हुआ है। बार-बार अनुरोध करने के बावजूद वेतन न मिलने पर नाराज रेजिडेंट डॉक्टरों ने सोमवार, सप्ताह के पहले दिन अचानक हड़ताल शुरू कर दी। इसके चलते यहां मरीजों की सेवा ठप हो गई। रेजिडेंट डॉक्टरों की अचानक हड़ताल देखकर वरिष्ठ अधिकारी हैरान रह गए। बाह्य रोगी विभाग में डॉक्टरों की कमी के कारण मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ा।
सरकारी दंत चिकित्सालय एवं अस्पताल (दंत चिकित्सा विभाग) में कार्यरत रेजिडेंट डॉक्टरों को पिछले तीन महीनों से वेतन न मिलने से नाराज करीब 72 रेजिडेंट डॉक्टरों ने सोमवार को हड़ताल कर दी। परीक्षा और पढ़ाई के दौरान पैसे न होने के कारण ये डॉक्टर भूख हड़ताल पर बैठने को तैयार हैं और प्रशासन की उदासीनता के चलते मरीजों की सेवा प्रभावित होने की आशंका है। तीन वर्षीय स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रम के कुल 72 रेजिडेंट डॉक्टर दंत चिकित्सा विभाग में कार्यरत हैं। एक रेजिडेंट डॉक्टर को लगभग 70 हजार रुपये प्रति माह वेतन मिलता है। इसी राशि से उन्हें अपने दैनिक खर्च, भोजन और महंगे चिकित्सा उपकरणों का भुगतान करना पड़ता है। हालांकि, वेतन अक्टूबर से ही रुका हुआ है।
बार-बार अनुरोध करने के बावजूद हमें सिर्फ आश्वासन मिल रहे हैं। घर से पैसे मांगने में कितना समय लगेगा? क्या प्रशासन को हमारे खाने की कोई परवाह नहीं है? डीन के कार्यालय के पीछे खुले हॉल में 50 से अधिक रेजिडेंट डॉक्टर बैठे हैं। जब कुछ डॉक्टरों से इस बारे में पूछा गया, तो उन्होंने बताया कि उन्हें अक्टूबर से वेतन नहीं मिला है। हालांकि, कुछ डॉक्टरों को आश्वासन दिया कि समस्या का समाधान हो जाएगा। डीन डॉ. फडनाइक ने भी पुष्टि की कि कोई हड़ताल नहीं है। इससे यह सवाल भी उठ रहा है कि ये छात्र किससे डर रहे हैं। हालांकि, सप्ताह के पहले दिन, जब मरीजों की भीड़ थी, तो मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा क्योंकि रेजिडेंट डॉक्टर सहायता के लिए मौजूद नहीं थे।
छात्रवृत्ति के लिए फॉलो-अप जारी है। इस मामले पर बोलते हुए, डीन डॉ. मंगेश फडनाइक ने कहा कि छात्रवृत्ति के लिए चिकित्सा शिक्षा विभाग (डीएमईआर) के साथ नियमित फॉलो-अप जारी है। इस संबंध में एक प्रस्ताव पहले ही भेजा जा चुका है। चूंकि मनपा चुनाव चल रहे हैं, इसलिए संभावना है कि छात्रवृत्ति अगले सप्ताह रेजिडेंट डॉक्टरों के खातों में जमा हो जाएगी।








