जिद और हौसले के साथ चुनावी मैदान में जमीर
कोल्हापुर:कोल्हापुर जिले के रेंदाल पंचायत समिति निर्वाचन क्षेत्र से एक दिव्यांग युवा को उम्मीदवार बनाए जाने से यह चुनाव पूरे राज्य में चर्चा का विषय बन गया है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) ने इस सीट से जमीर माणकापुरे को मैदान में उतारकर एक मजबूत सामाजिक संदेश दिया है। जमीर जन्म से दिव्यांग हैं, लेकिन उनकी इच्छाशक्ति और संघर्ष ने उन्हें राजनीति के मैदान में मजबूती से खड़ा कर दिया है।
जमीर माणकापुरे न केवल चुनाव लड़ रहे हैं, बल्कि प्रचार में भी पूरी सक्रियता के साथ आगे हैं। दोनों पैर और एक हाथ न होने के बावजूद वे पिछले कई वर्षों से सामाजिक कार्यों में निरंतर सक्रिय रहे हैं। उन्होंने दिव्यांगों के अधिकार, शिक्षा और सामाजिक समानता के लिए लगातार काम किया है। उनकी मेहनत और जज्बे को देखते हुए क्षेत्र के नागरिकों में उनके प्रति खासा सम्मान देखने को मिल रहा है।
जमीर उच्च शिक्षित हैं और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के दिव्यांग सेल में कई वर्षों से सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। उनके सामाजिक कार्यों और संगठनात्मक अनुभव को देखते हुए महाराष्ट्र के वैद्यकीय शिक्षा मंत्री हसन मुश्रीफ ने उन पर भरोसा जताते हुए उन्हें उम्मीदवार बनाया है। पार्टी संगठन भी जमीर की जीत के लिए पूरी ताकत के साथ चुनावी मैदान में उतरा है।
प्रचार के दौरान स्थानीय नागरिक जमीर माणकापुरे की संघर्ष गाथा और आत्मविश्वास की खुलकर सराहना कर रहे हैं। उनका चुनावी मैदान में उतरना न केवल राजनीति बल्कि समाज के लिए भी प्रेरणादायक उदाहरण बनकर सामने आया है।









