INS विक्रांत और INS विक्रमादित्य बने आकर्षण का केंद्र
MARCOS कमांडो ने दिखाया ऑपरेशनल रेडीनेस
हिंद महासागर क्षेत्र में भारत पूरी तरह सतर्क और सक्षम
Indian Navy का IFR 2026 में दमदार प्रदर्शन, समुद्री ताकत का भव्य नज़ारा
International Fleet Review 2026 के दौरान विशाखापट्टणम में भारतीय नौसेना ने अपनी आधुनिक और मल्टी-डोमेन ऑपरेशनल क्षमता का शानदार प्रदर्शन किया। इस भव्य आयोजन में सर्च एंड रेस्क्यू ड्रिल, समुद्री आपात स्थितियों से निपटने की तैयारी और डाइनैमिक समुद्री युद्धाभ्यास ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया।
विशेष आकर्षण रहा नौसेना के एलीट कमांडो फोर्स MARCOS का ऑपरेशनल रेडीनेस प्रदर्शन, जिसने समुद्री सुरक्षा में भारत की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता को दर्शाया। समुद्र, हवा और पानी के भीतर समन्वित अभ्यासों ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि हिंद महासागर क्षेत्र में भारत पूरी तरह सतर्क और सक्षम है।
इस अवसर पर भारत के स्वदेशी विमानवाहक पोत INS Vikrant और INS Vikramaditya ने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया। दोनों युद्धपोत ‘फ्लोटिंग सॉवरेन एयरफील्ड्स’ के रूप में कार्य करते हुए मिग-29K फाइटर जेट्स, MH-60R, कामोव, सी किंग, चेतक और ALH हेलीकॉप्टरों के लिए लॉन्चिंग प्लेटफॉर्म बने। इनके साथ अत्याधुनिक पनडुब्बियों और विविध युद्धपोतों की मौजूदगी ने भारत की तकनीकी श्रेष्ठता और समुद्री शक्ति प्रक्षेपण क्षमता को रेखांकित किया। यह अभ्यास न केवल राष्ट्रीय हितों की रक्षा के प्रति प्रतिबद्धता दर्शाता है, बल्कि क्षेत्रीय स्थिरता और सहयोगी गठजोड़ को भी मजबूती देता है।
IFR 2026 भारतीय नौसेना के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हुआ, जिसने हिंद महासागर और उससे आगे समुद्री सुरक्षा में भारत की बढ़ती भूमिका को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित किया।








