नागपुर। नागपुरवासियों को नए साल में मिलने वाला है बड़ा तोहफा। अब रसोई में गैस सिलेंडरों की झंझट खत्म हो जाएगी। एलपीजी की जगह, पाइपलाइन के जरिए घरों तक सीधी पीएनजी (पाइप वाली प्राकृतिक गैस) की आपूर्ति की जाएगी। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि गैस आपूर्ति के लिए पाइपलाइन परियोजना को अगले दो वर्षों में पूरा करने के प्रयास जारी हैं।
गडकरी ने यह भी कहा कि पीएनजी (पाइप वाली प्राकृतिक गैस) के जरिए गैस आपूर्ति शुरू होने के बाद, नागरिकों को सिलेंडरों की तुलना में 10 प्रतिशत कम खर्च करना पड़ेगा। पिछले ग्यारह वर्षों में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्रालय द्वारा नागपुर शहर में 1 लाख करोड़ रुपये के कार्य किए गए हैं। गडकरी ने यह भी बताया कि सभी परियोजनाओं को मिलाकर विभिन्न परियोजनाओं पर 1.5 लाख करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं।
हिंगना तक भूमिगत गैस पाइपलाइन बिछाने का काम पूरा हो चुका है। नागपुर शहर में पाइपलाइन बिछाने का काम इस सप्ताह युद्धस्तर पर शुरू होगा। यह जानकारी हरियाणा सिटी गैस (एचसीजी), नागपुर के संचालन अध्यक्ष दीपक सावंत ने दी। इस परियोजना का कार्यान्वयन एचसीजी द्वारा किया जा रहा है। कंपनी का दावा है कि नागपुर जिले में अब तक लगभग 110 किलोमीटर गैस पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। कंपनी की प्राथमिकता नागपुर शहर के सीमावर्ती और घनी आबादी वाले क्षेत्रों में सबसे तेज गति से पाइपलाइन बिछाना है। शहरी क्षेत्रों में यह काम चुनौतीपूर्ण है, लेकिन कंपनी का दावा है कि वह इसके लिए पूरी तरह से तैयार है।
मार्च तक इन क्षेत्रों में आपूर्ति
कंपनी के अनुसार, पाइपलाइन बिछाने के बाद हर घर को गैस कनेक्शन उपलब्ध कराया जाएगा। मानवाड़ा, पिपला, अंबाझरी और वाडी क्षेत्रों में मार्च 2026 तक गैस आपूर्ति शुरू हो जाएगी। इसके बाद, शहर के अन्य हिस्सों को भी चरणबद्ध तरीके से कवर किया जाएगा। लक्ष्य आने वाले वर्षों में पूरे नागपुर को सिलेंडर-मुक्त बनाना है।
50 नए सीएनजी पंप
वर्तमान में, नागपुर में 27 सीएनजी स्टेशन चालू हैं। हालांकि, इनमें से सभी पंप पाइपलाइन से जुड़े नहीं हैं। इन कनेक्शनों के बाद, अगले तीन महीनों में 50 नए सीएनजी स्टेशन चालू हो जाएंगे, जिससे कुल संख्या 77 हो जाएगी। कंपनी का लक्ष्य एक वर्ष में 100 और अगले दो वर्षों में 500 सीएनजी स्टेशन स्थापित करना है। इस परियोजना में लगभग 1,200 करोड़ रुपये का निवेश होगा। सैकड़ों रोजगार भी सृजित होंगे। योजना के तहत जिले के बुटीबोरी, हिंगना और मिहान क्षेत्रों में स्थित 24 उद्योगों को सीएनजी बिजली की आपूर्ति की जाएगी। सिटी टायर, साकी ऑटो, सनी इलेक्ट्रिकल और पारस पाइप सहित 27 कंपनियों के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
एचसीजी के संचालन अध्यक्ष दीपक सावंत ने बताया कि भविष्य में, हम प्रतिदिन 10 लाख घन मीटर प्राकृतिक गैस की मांग को पूरा करेंगे। भूमिगत पाइपलाइन के माध्यम से हर घर तक गैस पहुंचाकर, लोगों को सिलेंडरों की झंझट से मुक्ति मिलेगी। यह प्रणाली किफायती, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल है। आने वाले वर्षों में इससे पूरे शहर और उद्योगों को लाभ होगा।









