लोकवाहिनी, संवाददाता नागपुर। बहन मानने के बावजूद एक वर्ष से बात बंद किए जाने से आहत एक सिरफिरे युवक ने गुस्से में आकर युवती का सिर जमीन पर पटककर उसकी हत्या कर दी और फिर सबूत मिटाते हुए उसे आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की। हालाँकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जाँच से उसका भेद खुल गया और महज कुछ ही घंटों में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
यह दिल दहला देने वाली घटना मानकापुर थाना क्षेत्र की राजलक्ष्मी सोसायटी स्थित प्रसाद विहार में सामने आई है। हत्या का शिकार बनी युवती की पहचान प्राची हेमराज खापर्डे (23) के रूप में हुई है। मंगलवार रात उसका शव पंखे से लटका हुआ संदिग्ध अवस्था में मिला था। प्रारंभ में पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज किया था और शव को पोस्टमार्टम के लिए मेयो अस्पताल भेजा गया। मेयो अस्पताल के फॉरेंसिक विभाग की प्राथमिक रिपोर्ट में प्राची के सिर पर गंभीर चोट पाए जाने और मौत को अस्वाभाविक बताए जाने के बाद मानकापुर पुलिस सतर्क हो गई। इसके बाद हत्या का मामला दर्ज कर जाँच शुरू की गई।
डॉक्टरों की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने संदेह के घेरे में आए शेखर ढोरे (38) को हिरासत में लिया। सख्ती से पूछताछ करने पर शेखर ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। वह प्राची का पड़ोसी था और प्राची उसे भाई मानती थी। कोरोना काल में शेखर की पत्नी और प्राची साथ में सिलाई का काम करती थीं, जिससे प्राची का उसके घर आना-जाना था। हालाँकि, शेखर विवाहित और विचित्र स्वभाव का होने के कारण प्राची के परिवार ने उसे उससे दूरी बनाने की हिदायत दी थी।
इसी वजह से प्राची पिछले एक वर्ष से शेखर से बात नहीं कर रही थी। घटना से कुछ घंटे पहले शेखर प्राची से मिलने आया और बातचीत करने की कोशिश की। प्राची के अनदेखा करने पर वह आपे से बाहर हो गया और उसके साथ मारपीट करने लगा। प्राची ने विरोध किया तो शेखर ने उसका सिर जमीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद उसने हत्या छिपाने के लिए दुपट्टे से प्राची को पंखे पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की जाँच जारी है। इस वारदात से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है और लोग आरोपी को कड़ी सजा देने की माँग कर रहे हैं। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 238(ए) और 238(बी) के तहत मामला दर्ज किया गया है।









