काबुल। पाकिस्तान ने रात भर हवाई हमले कर काबुल और नंगरहार में अफगान तालिबान के ठिकानों को निशाना बनाया। इन हमलों में उनके सैन्य अड्डों तथा ‘आतंकी ढांचे’ को नष्ट कर दिया गया। मंगलवार को यह जानकारी प्राप्त हुई। सूचना मंत्री अताउल्ला तरार द्वारा सोमवार को साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, अब तक 684 अफगान तालिबान कार्यकर्ता मारे गए हैं और 912 अन्य घायल हुए हैं। उन्होंने बताया कि तालिबान की 252 चौकियां नष्ट कर दी गईं, जबकि 44 चौकियों पर कब्जा कर लिया गया और फिर उन्हें नष्ट कर दिया गया।
उन्होंने बताया कि तालिबान शासन के 229 टैंक, बख्तरबंद वाहन और तोपें नष्ट कर दी गई हैं। पूरे अफगानिस्तान में लगभग 73 आतंकी ठिकानों और ‘आतंकी ढांचे’ को हवाई हमले से प्रभावी ढंग से निशाना बनाया गया। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अनुसार, ये ताजा हमले 26 फरवरी से शुरू किए गए ऑपरेशन ‘गजब-उल-हक’ (इंसाफ के लिए गुस्सा) के तहत किए गए हैं। पाकिस्तान ने 2,600 किलोमीटर लंबी सीमा पर अफगान तालिबान बलों द्वारा कथित हमलों के जवाब में यह ऑपरेशन शुरू किया था।
पाकिस्तान ने 16 मार्च की रात काबुल और नंगरहार में अफगान तालिबान तथा फितना अल-ख्वारिज के अड्डों और आतंकवादियों के ठिकानों को सटीक रूप से निशाना बनाया। इन ठिकानों में तकनीकी उपकरण भंडारण और गोला-बारूद भंडारण शामिल थे जिनका उपयोग पाकिस्तान के निर्दोष नागरिकों के खिलाफ किया जा रहा था। सरकार द्वारा फितना अल-ख्वारिज शब्द का इस्तेमाल प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के लिए किया जाता है।
मंत्रालय ने तालिबान के इस बयान को खारिज कर दिया कि पाकिस्तान ने नागरिक स्थानों को निशाना बनाया और कहा कि पाकिस्तान का लक्ष्य सटीक था और सावधानीपूर्वक किया गया था ताकि कोई भी अप्रत्यक्ष नुकसान न हो। इसके अलावा सरकारी सूत्रों ने बताया कि अफगानिस्तान के नंगरहार प्रांत में पाकिस्तानी सेना ने अफगान तालिबान के चार सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। सूत्रों ने यह भी बताया कि इन ठिकानों के आसपास मौजूद रसद सामग्री, गोला-बारूद और तकनीकी बुनियादी ढांचे को भी नष्ट कर दिया गया। उन्होंने कहा कि नंगरहार और काबुल में ड्रोन वर्कशॉप (वह मुख्यालय जहां से ड्रोन भेजे जाते थे) और हथियारों के भंडार भी नष्ट कर दिए गए। सूत्रों ने बताया कि काबुल और नंगरहार में छह ठिकानों को निशाना बनाया गया है। साथ ही कई आतंकवादियों के मारे जाने की भी खबर है।









