बिहार विधानसभा चुनाव परिणाम ने राष्ट्रीय जनता दल अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव को झटका दे दिया है। इस बार के चुनाव की रणनीति तैयार करने में लालू प्रसाद यादव तेजस्वी यादव के साथ खड़े दिखे। समीकरण को साधने की तमाम कोशिश की गई। लेकिन, सहयोगी दलों से समन्वय बनाना हो या वोटों तक संदेश पहुंचाना, राजद किसी भी मामले में सफल नहीं हुई।
बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री और महागठबंधन के सीएम फेस तेजस्वी यादव ने कड़ी टक्कर के बाद सिर्फ 14 हजार 532 वोटों से जीत दर्ज की। करीब 23वें राउंड के वोटों की गिनती तक भाजपा के सतीश कुमार उन्हें कड़ी टक्कर देते दिखे। कभी तेजस्वी तो कभी भाजपा उम्मीदवार आगे निकलते दिखे। हालांकि, बाद में तेजस्वी ने बढ़त बनाई तो आगे निकलते दिखे। दरअसल, राजद के खराब प्रदर्शन के बीच राघोपुर में राबड़ी देवी की हार जैसी वाली स्थिति बनने की बात कही जाने लगी। सतीश कुमार ने राबड़ी देवी को इस सीट पर मात दी थी। वहीं लालू परिवार के बड़े लड़के तेज प्रताप यादव को महुआ से करारी हार का सामना करना पड़ा।
जनशक्ति जनता दल के उम्मीदवार के तौर पर उतरे तेज प्रताप इस सीट पर तीसरे स्थान पर रहे हैं। इस सीट पर लोजपा (रामविलास) के संजय कुमार सिंह 45 हजार वोटों से जीत दर्ज की। दूसरे स्थान पर राजद के मुकेश कुमार रौशन रहे हैं। राजद और तेज प्रताप की लड़ाई में ही लोजपा रामविलास के उम्मीदवार को जीत दर्ज करने में सफलता मिली।












