12 शिकारियों को वाहन, मांस और शिकारी सामग्री के साथ किया गिरफ्तार
नागपुर और छत्तीसगढ़ में मांस की अवैध बिक्री का खुलासा
भारतीय वन अधिनियम और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
भंडारा:भंडारा जिले में जंगलों में मूक प्राणियों की शिकार और तस्करी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश तुमसर वनविभाग ने किया। 19 फरवरी की सुबह 5 बजे झंझेरिया बीट में फिल्मी अंदाज में की गई इस धाकड़ कार्रवाई में 12 आरोपियों को जंगली सूअरों का मांस, शिकारी का सामान और वाहन सहित गिरफ्तार किया गया। वन्यजीव संरक्षण के प्रति वनविभाग की सतर्कता ने इस गंभीर अपराध को रोका।
तुमसर वनपरिक्षेत्र अधिकारी छगनलाल रहांगडाले, वनरक्षक दीपक भिवगडे और के. ए. मांढरे ने तलाशी के दौरान झंझेरिया बीट के वाघसांध्या तलाव परिसर में महिंद्रा बोलेरो पिकअप (MH 49 BZ 7104) खड़ी देखी। वाहन की जांच में एक मृत जंगली सूअर पाया गया और आसपास 10-12 शिकारियों की टोली देखी गई। पकड़े गए आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार किया। जांच में सामने आया कि ये लोग जंगल या खेत से जंगली सूअर पकड़ कर मारते और उसका मांस नागपुर व छत्तीसगढ़ में ऊंचे दाम पर बेचते थे। जप्त किए गए सामान में हत्तीमार जाली (13 नग), लोखंडी कुल्हाड़ी (1), सुरा (1), बांस की काठी (40 नग), कंबल (10), एंड्रॉइड मोबाइल (12) और बोलेरो वाहन शामिल हैं। 12 आरोपियों पर भारतीय वन अधिनियम 1927 और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 (सुधारित 2023) के तहत मामला दर्ज किया गया। उपवनसंरक्षक योगेंद्र सिंह के मार्गदर्शन में कार्रवाई की गई और सभी आरोपी मोहाडी न्यायालय के सामने पेश किए गए।











