सर्पमित्र की सतर्कता से टला बड़ा हादसा
रेस्क्यू के बाद वन विभाग को सौंपा गया नाग
नागपुर के सिविल लाइंस क्षेत्र स्थित स्नेह बंगला में उस समय हड़कंप मच गया, जब उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति अनिल किलोर के सरकारी आवास पर एक विषैला नाग दिखाई दिया। नाग के दिखाई देने की सूचना मिलते ही घर में मौजूद लोगों ने तुरंत सर्पमित्र शुभम पराळे को इसकी जानकारी दी। सूचना प्राप्त होते ही शुभम पराळे बिना समय गंवाए घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।
जांच के दौरान पता चला कि विषैला नाग इन्वर्टर के नीचे छिपा हुआ था। रेस्क्यू अभियान शुरू होते ही नाग ने फन फैलाकर आक्रामक रुख अपनाया और हमला करने का प्रयास किया। हालांकि, सर्पमित्र शुभम पराळे ने पूरी सतर्कता, धैर्य और पेशेवर कौशल का परिचय देते हुए बिना किसी को नुकसान पहुंचाए नाग को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया। उनकी सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई से एक संभावित बड़ा हादसा टल गया।
रेस्क्यू के बाद वन विभाग के निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए नाग को सेमिनरी हिल्स ट्रांजिट सेंटर ले जाया गया। वहां आवश्यक पंचनामा और औपचारिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद विषैले नाग को वन विभाग के अधिकारियों के सुपुर्द कर दिया गया। इसके बाद वन विभाग ने उसे सुरक्षित प्राकृतिक आवास में छोड़ने की प्रक्रिया शुरू की।
इस सफल रेस्क्यू अभियान की स्थानीय नागरिकों ने सराहना की। विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि घर या आसपास सांप दिखाई देने पर घबराने के बजाय स्वयं पकड़ने का प्रयास न करें, बल्कि तुरंत प्रशिक्षित सर्पमित्र या वन विभाग को सूचना दें, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।











