नई दिल्ली। यूपी में एसआईआर (SIR) यानी वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण का काम पूरा हो गया। प्रदेश में 2.89 करोड़ वोटर्स के नाम कट गए हैं। इससे पहले 11 राज्यों के जारी ड्राफ्ट में 3.69 करोड़ वोटर्स के नाम कट चुके हैं। यूपी में एसआईआर यानी वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण का काम पूरा हो गया। एसआईआर की डेट नहीं बढ़ाई गई है। पहले दो बार एसआईआर की तारीख बढ़ाई जा चुकी है लेकिन तीसरी बार इसे नहीं बढ़ाया गया।
अब गणना प्रपत्र भरकर जमा करने का कार्य पूर्ण हो गया है। अभी मतदाता सूची में 15.44 करोड़ नाम हैं और इसमें से अब 2.89 करोड़ नाम काटे जाएंगे। उनमें 1.26 करोड़ स्थानांतरित (shifted), 46 लाख मृत, 23.70 लाख डुप्लीकेट, 83.73 लाख अनुपस्थित व 9.57 लाख अन्य श्रेणी के मतदाता हैं।
यूपी के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि 31 दिसंबर को ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी की जाएगी। ड्राफ्ट मतदाता सूची पर 31 दिसंबर से 30 जनवरी 2026 तक दावे व आपत्तियां ली जाएंगी। वहीं 31 दिसंबर से ही लेकर 21 फरवरी 2026 तक नोटिस चरण में गणना प्रपत्रों पर निर्णय और दावों एवं आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा। फिर 28 फरवरी 2026 को अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी जाएगी।
बीते 11 दिसंबर को एसआईआर की तारीख दूसरी बार दो हफ्ते बढ़ाकर 26 दिसंबर कर दी गई थी। चुनाव आयोग ने दो हफ्तों में उन मतदाताओं को ढूंढने का कार्य किया जो स्थानांतरित, मृत, डुप्लीकेट, अनुपस्थित व अन्य श्रेणी में शामिल थे। सभी जिलों में बीएलओ (BLO) के साथ-साथ राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंटों को बूथवार ऐसे मतदाताओं की सूची सौंपकर घर-घर जाकर फिर से सत्यापन कराया गया, जिससे कहीं कोई गड़बड़ी की गुंजाइश न रहे। शुक्रवार को दो हफ्ते का समय भी समाप्त हो गया और तीसरी बार एसआईआर की तारीख चुनाव आयोग ने बढ़ाना उचित नहीं समझा।









