बढ़ती महंगाई में परिवार चलाना मुश्किल – सफाई कर्मचारी
नगरपंचायत प्रशासन पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप
अर्जुनी नगरपंचायत में कार्यरत स्वच्छता कर्मियों ने नववर्ष के पहले ही दिन से उपोषण शुरू कर दिया है। स्वच्छता कर्मियों का आरोप है कि उन्हें सितंबर से दिसंबर 2025 तक का वेतन अब तक नहीं मिला है, जिससे उनके सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। वेतन न मिलने के कारण कर्मचारियों में भारी नाराजगी देखी जा रही है।
स्वच्छता कर्मी प्रतिदिन शहर में कचरा संकलन, साफ-सफाई और नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा जैसी अहम जिम्मेदारियां निभा रहे हैं। इसके बावजूद समय पर वेतन न मिलने से उन्हें परिवार का खर्च चलाने, बच्चों की पढ़ाई की फीस भरने और घरेलू जरूरतें पूरी करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बढ़ती महंगाई के दौर में चार माह से वेतन न मिलना उनके लिए बड़ी समस्या बन गया है।
कर्मचारियों का कहना है कि उन्होंने इस संबंध में नगरपंचायत के मुख्याधिकारी और जिल्हाधिकारी को कई बार लिखित शिकायतें दी हैं। बावजूद इसके अब तक कोई ठोस निर्णय या कार्रवाई नहीं की गई है। इससे स्वच्छता कर्मियों में प्रशासन के प्रति आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
उपोषण पर बैठे कर्मियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही बकाया वेतन का भुगतान नहीं किया गया, तो वे अपना आंदोलन और तेज करेंगे। इसका असर नगर की सफाई व्यवस्था पर भी पड़ सकता है, जिससे नागरिकों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने भी स्वच्छता कर्मियों के समर्थन में आवाज उठाई है और प्रशासन से जल्द से जल्द बकाया वेतन जारी करने की मांग की है। अब देखना यह होगा कि नगरपंचायत और जिला प्रशासन इस गंभीर समस्या पर कब तक ठोस कदम उठाता है।








