भास्कर आबा दानवे के निवास पर दर्जनों कार्यकर्ताओं ने जताई नाराजगी
जालना में भाजपा और शिवसेना (शिंदे गुट) के बीच संभावित युति को लेकर बीते दो–तीन दिनों से राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। इस युति की अटकलों के बीच शहरभर में भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी असंतोष देखने को मिल रहा है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि इस गठबंधन से वर्षों से पार्टी के लिए काम कर रहे जमीनी कार्यकर्ताओं के अधिकारों पर असर पड़ेगा।
इसी नाराजगी के चलते आज सुबह करीब 7 बजे से भाजपा महानगर अध्यक्ष भास्कर आबा दानवे के निवास पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्रित हुए और विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं ने खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर की और भाजपा–शिवसेना युति का विरोध किया।
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पूर्व मंत्री और विधायक अर्जुन खोतकर पार्टी कार्यकर्ताओं की उपेक्षा करते हैं। उनका कहना है कि यदि युति होती है तो 15–20 वर्षों से भाजपा के लिए निष्ठा से काम कर रहे कार्यकर्ताओं का राजनीतिक भविष्य खतरे में पड़ जाएगा। विरोध के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने भावनाओं में बहकर अत्यंत आपत्तिजनक बयान भी दिए, जिससे माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया।
इस पूरे घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए भास्कर आबा दानवे ने कहा कि वे कार्यकर्ताओं की भावनाओं को समझते हैं और उनका सम्मान करते हैं, लेकिन पार्टी संगठन के निर्णयों का पालन करना सभी के लिए अनिवार्य है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संयम बरतने और संगठनात्मक मर्यादा बनाए रखने की अपील की।
वहीं, कुछ पूर्व नगरसेवकों और स्थानीय नेताओं ने भी अर्जुन खोतकर की पूर्व में कांग्रेस के साथ सहयोगी भूमिका का हवाला देते हुए भाजपा–शिवसेना युति के खिलाफ अपना समर्थन जाहिर किया है। फिलहाल, जालना की राजनीति में यह मुद्दा गरमाया हुआ है और सभी की निगाहें पार्टी के आगामी निर्णय पर टिकी हुई हैं।








