लोकवाहिनी, संवाददाता नई दिल्ली। भारत का ग्रॉस गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) कलेक्शन दिसंबर 2025 में पिछले साल की तुलना में 6.1% बढ़कर 1.74 ट्रिलियन (1.74 लाख करोड़) रुपये हो गया। गुरुवार को जारी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, दिसंबर 2025 में ग्रॉस जीएसटी कलेक्शन 6.1 प्रतिशत बढ़कर 1.74 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो गया, जो बड़ी टैक्स कटौती के बाद घरेलू बिक्री से रेवेन्यू में धीमी ग्रोथ के कारण हुआ।
दिसंबर 2024 में ग्रॉस गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) रेवेन्यू 1.64 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा था। घरेलू ट्रांजैक्शन से ग्रॉस रेवेन्यू 1.2 प्रतिशत बढ़कर 1.22 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा हो गया, जबकि दिसंबर 2025 के दौरान इम्पोर्टेड (आयातित) सामान से रेवेन्यू 19.7 प्रतिशत बढ़कर 51,977 करोड़ रुपये हो गया। दिसंबर में रिफंड 31 प्रतिशत बढ़कर 28,980 करोड़ रुपये हो गया। नेट GST रेवेन्यू रिफंड एडजस्ट करने के बाद 1.45 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा रहा, जो साल-दर-साल 2.2 प्रतिशत ज्यादा है। पिछले महीने सेस (Cess) कलेक्शन घटकर 4,238 करोड़ रुपये हो गया, जबकि दिसंबर 2024 में यह 12,003 करोड़ रुपये था। 22 सितंबर, 2025 से लगभग 375 चीजों पर जीएसटी दर कम कर दी गई थी, जिससे सामान सस्ता हो गया।








