धुळे शहर में स्वच्छता व्यवस्था की बदहाल स्थिति को देखते हुए महानगरपालिका ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। मनपा आयुक्त नितीन कापडणीस ने सख्त कदम उठाते हुए मुख्य स्वच्छता निरीक्षक सहित कुल 16 अधिकारी एवं कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
शहर में लंबे समय से कचरे के ढेर, सफाई की कमी और प्रशासनिक लापरवाही की शिकायतें मिल रही थीं। नागरिकों और विभिन्न राजनीतिक संगठनों द्वारा लगातार इस मुद्दे को उठाया जा रहा था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए यह कठोर निर्णय लिया गया।
आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अगले एक माह के भीतर कार्यप्रणाली में सुधार किया जाए, अन्यथा संबंधित कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त भी किया जा सकता है। इस कार्रवाई से मनपा प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
इस कदम को शहर की स्वच्छता व्यवस्था सुधारने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि नागरिकों के स्वास्थ्य और शहर की छवि को सुधारना प्राथमिकता है।
इस निर्णय के बाद अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या वास्तव में शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार आता है या नहीं।







