सोलापुर:महाराष्ट्र के सोलापुर जिले के वैराग क्षेत्र में बेमौसम बारिश और तेज आंधी ने एक बार फिर किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा से अंगूर उत्पादक किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है, जिससे पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल है।
बीते दिन हुई तेज बारिश और तूफानी हवाओं के कारण इर्लेवाड़ी इलाके के किसान दत्तात्रय गायकवाड की अंगूर फसल को सबसे अधिक नुकसान हुआ। उनके बेदाना (किशमिश) तैयार करने के लिए लगाए गए दो बड़े शेड पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए। तेज हवाओं के कारण शेड की तिरपाल और लोहे की संरचना उड़ गई, जिससे अंदर रखी लगभग 40 टन अंगूर बारिश में भीगकर खराब हो गई।
इसी तरह हत्तीज गांव में भीअंगूर बागान को भारी नुकसान पहुंचा है, जहां करीब 200 पेड़ जड़ से उखड़ गए। इस आपदा के चलते लाखों रुपये का नुकसान हुआ है और किसान आर्थिक संकट में आ गए हैं। स्थानीय किसानों का कहना है कि इस तरह की बेमौसम बारिश ने उनकी सालभर की मेहनत पर पानी फेर दिया है। अब उन्हें आगामी फसल और आय को लेकर गंभीर चिंता सताने लगी है।
किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि नुकसान का तुरंत सर्वेक्षण कर उचित मुआवजा दिया जाए, ताकि उन्हें इस संकट से उबरने में मदद मिल सके। यदि समय रहते सहायता नहीं मिली, तो इसका असर आने वाले कृषि सीजन पर भी पड़ सकता है। यह घटना एक बार फिर मौसम की अनिश्चितता और किसानों की बढ़ती चुनौतियों को उजागर करती है।









