उद्धव ने बागी सांसदों को अयोग्य ठहराने की मांग की
लोकवाहिनी, संवाददाता
शिवसेना (उबाठा) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने रविवार को पार्टी के उन छह सांसदों को तुरंत अयोग्य घोषित करने की मांग की जो हाल ही में एकनाथ शिंदे के गुट में शामिल हो गए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि उनका पाला बदलना एक बड़ी राजनीतिक साजिश का हिस्सा था। परभणी में एक रैली को संबोधित करते हुए महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष को दल-बदल के मामले में कानून का पालन करना चाहिए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का केंद्रीय नेतृत्व सुनियोजित तरीके से अपने ही राज्य के नेताओं के पर कतर रहा है। उन्होंने राम मंदिर चंदे में हेराफेरी के मुद्दे पर भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने भाजपा पर राजनीतिक फायदे के लिए मंदिर का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए उसे बाबर जनता पार्टी करार दिया। उन्होंने सवाल किया, बाबर ने राम मंदिर को तोड़ा था।
अब एक ‘बाबर जनता पार्टी’ नए बने मंदिर को लूटने आई है। उनमें क्या अंतर है? ठाकरे ने बताया कि शिवसेना (उबाठा) के वफादार सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को औपचारिक पत्र सौंपकर अपना पक्ष रखने का मौका मांगा है। उन्होंने कहा कि अध्यक्ष द्वारा सुनवाई की तारीख पहले कर दिए जाने के बाद पार्टी सांसद अरविंद सावंत को कारगिल का अपना आधिकारिक दौरा बीच में ही छोड़ना पड़ा। उन्होंने कहा, अगर इस देश में कानून का राज है, तो इन छह सांसदों को अयोग्य घोषित किया जाना चाहिए। मुझे अब भी लोकसभा अध्यक्ष पर भरोसा है क्योंकि अगर वह खुद कानून का पालन नहीं करेंगे, तो दूसरों से ऐसा करने के लिए नहीं कह सकते। हम उनके अधिकार का सम्मान करते हैं, उनकी इच्छाओं का नहीं।











