मुजफ्फरपुर/दरभंगा। बिहार चुनावी माहौल में महागठबंधन की ओर से मुख्यमंत्री पद के चेहरे तेजस्वी यादव ने बुधवार को मुजफ्फरपुर और दरभंगा में संयुक्त सभाओं के दौरान सरकार बनाने पर बड़े बदलावों का वादा किया। उन्होंने साफ कहा कि उनकी सरकार में भ्रष्टाचार, अपराध और सांप्रदायिकता के लिए कोई जगह नहीं होगी और इस मामले में वे किसी भी व्यक्ति को बख्शने वाले नहीं हैं। तेजस्वी ने कहा कि यदि उनकी सरकार में उनकी परछाई भी गलत कार्य करती पाई गई तो उसे भी सजा मिलेगी।
अपने संबोधन में तेजस्वी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार सरकार की तीखी आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री की दिलचस्पी गुजरात में फैक्ट्रियां लगाने में है लेकिन जीत बिहार से चाहिए, जो अब जनता बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि बिहार को केवल वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है और विकास के नाम पर खोखले वादे किए गए हैं।
तेजस्वी यादव ने अपने चुनावी वादों को दोहराते हुए स्पष्ट किया कि सरकार बनने पर वे हर परिवार के कम से कम एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी देने के मिशन पर काम करेंगे। उन्होंने बिजली और रोजगार के मुद्दे पर भी बिहार सरकार को घेरा और कहा कि जो घोषणाएं अभी राजग सरकार कर रही है, वे उन्हीं की नीतियों की नकल हैं। उन्होंने कहा कि महागठबंधन ने 200 यूनिट मुफ्त बिजली की घोषणा की थी, जिसके दबाव में सरकार ने 125 यूनिट मुफ्त बिजली की योजना शुरू की।
महिलाओं के लिए प्रस्तावित ‘माई बहन योजना’ का उल्लेख करते हुए तेजस्वी ने कहा कि महिलाओं को प्रति माह ढाई हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी, जबकि वर्तमान सरकार जो राशि दे रही है वह उधार है, जिसे बाद में ब्याज समेत वापस लेना पड़ता है। उन्होंने इस योजना को महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम बताया।
तेजस्वी ने नीतीश कुमार सरकार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि बिहार की सरकार रिमोट कंट्रोल से चल रही है और फैसले बाहरी लोग लेते हैं। उन्होंने दावा किया कि बिहार की जनता अब बदलाव चाहती है और इस बार उन्हें मौका देकर एक नया बिहार बनाने की दिशा में आगे बढ़ेगी। उन्होंने लोकतंत्र में विश्वास जताते हुए कहा कि उनकी सरकार किसी भी प्रकार की अराजकता और सांप्रदायिक तनाव को राज्य में फैलने नहीं देगी।
युवा नेतृत्व की छवि पेश करते हुए तेजस्वी ने खुद को युवाओं की आवाज बताया और कहा कि उनकी उम्र भले कम हो लेकिन उनका इरादा मजबूत है और जुबान पक्की। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के दौरान उनके नेतृत्व में पाँच लाख लोगों को सरकारी नौकरी मिली थी और इस बार यह संख्या और भी अधिक होगी। उन्होंने जनता से अपील की कि वे महागठबंधन को एक मौका दें और वह अपने वादों पर पूरा खरा उतरेंगे।









