मुंबई। तृणमूल कांग्रेस सांसदों की बगावत के बाद देशभर में एक बार फिर ऑपरेशन टाइगर की चर्चा शुरू हो गई है। इसके चलते पश्चिम बंगाल के बाद अब सभी का ध्यान महाराष्ट्र की राजनीति पर केंद्रित हो गया है। कई दिनों से चर्चा चल रही है कि उद्धव ठाकरे के कुछ सांसद शिंदेसेना के संपर्क में हैं। उद्धव ठाकरे द्वारा बुलाई गई जरूरी बैठक में सांसदों की गैरमौजूदगी ने इन चर्चाओं को और बल दे दिया है। अब यह बात सामने आई है कि उद्धव सेना के कुछ सांसद स्वतंत्र समूह बनाने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं। चर्चा है कि ये सांसद लोकसभा अध्यक्ष को पत्र लिखेंगे। दिल्ली के इन घटनाक्रमों पर संजय राउत ने भी टिप्पणी की है। चर्चा है कि ठाकरे के कुछ सांसद तृणमूल कांग्रेस के सांसदों की तरह एक अलग समूह बनाने की तैयारी में हैं। बातचीत को आगे बढ़ाते हुए ठाकरे के यवतमाल-वाशिम सांसद संजय देशमुख ने दिल्ली में मंत्री प्रतापराव जाधव से मुलाकात की।
विधानसभा सत्र से पहले लगेगा बड़ा झटका
इन अटकलों को और हवा देते हुए, शिवसेना नेता और पूर्व सांसद कृपाल तुमाने ने दावा किया कि शिंदे गुट में 7 सांसद का शामिल होना मानसून सत्र से पहले ही हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि महाराष्ट्र की राजनीति में जल्द ही ऑपरेशन टाइगर शुरू होने वाला है। महाराष्ट्र विधान परिषद के सदस्य तुमाने ने आगे कहा कि सांसदों के साथ हुए ऑपरेशन टाइगर के बाद, विधायकों के लिए भी ऑपरेशन टाइगर चलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि अभी 16 विधायक एकनाथ शिंदे के संपर्क में हैं। तुमाने ने कहा कि इस राजनीतिक कदम की तैयारी पूरी हो चुकी है। उन्होंने कहा कि लोग जल्द ही शिंदे गुट का ऑपरेशन टाइगर देखेंगे। जैसे मेडिकल ऑपरेशन से पहले पूरी जांच-पड़ताल की जाती है, वैसे ही ऑपरेशन टाइगर के लिए सभी जांच प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं और यह ऑपरेशन जल्द ही शुरू होगा।












