न्यूयॉर्क। शीर्ष वरीयता प्राप्त अलेक्जेंडर ज़्वेरेव ने मौजूदा वर्ष में अपना करिश्माई प्रदर्शन जारी रखते हुए पहली बार अमेरिकी ओपन टेनिस टूर्नामेंट के पुरुष एकल का खिताब जीता। ज़्वेरेव ने फाइनल में अमेरिका के बेन शेल्टन को 6-3, 7-6 (2), 5-7, 6-2 से हराया। इस तरह से अमेरिकी पुरुष खिलाड़ियों का ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने का लंबा इंतजार जारी है। अमेरिका का कोई भी पुरुष खिलाड़ी 2003 के बाद किसी ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट में एकल का खिताब नहीं जीत पाया है। जर्मनी के ज़्वेरेव का यह इस साल का दूसरा ग्रैंड स्लैम खिताब है। उन्होंने इससे पहले फ्रेंच ओपन का खिताब जीता था। पहली बार किसी ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट में शीर्ष वरीय खिलाड़ी के रूप में खेल रहे ज़्वेरेव ने शेल्टन की खराब शुरुआत का पूरा फायदा उठाया तथा दूसरे सेट के टाईब्रेकर में अपनी सर्विस पर किसी भी तरह की गलती नहीं की। शेल्टन को दर्शकों का अपार समर्थन मिल रहा था लेकिन वह इसका फायदा नहीं उठा पाए। ज़्वेरेव ने ट्रॉफी वितरण समारोह के दौरान कहा, ‘मुझे पता है कि आज 99.9 प्रतिशत लोग बेन को जीतते देखना चाहते थे, इसलिए सबसे पहले तो मुझे बहुत खेद है। लेकिन खेल का माहौल शानदार था।’
रॉ डिक ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने वाले अमेरिका के अंतिम पुरुष खिलाड़ी थे। उन्होंने 2003 में अमेरिकी ओपन जीता था। शेल्टन इस लंबे इंतजार को खत्म करने की कोशिश में थे। इसके अलावा वह 1968 में आर्थर ऐश के बाद पुरुषों का खिताब जीतने वाले पहले अश्वेत खिलाड़ी बनने की भी कोशिश कर रहे थे। लेकिन इस साल ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट में ज़्वेरेव का प्रदर्शन इतना शानदार था कि उन्हें खुद भी अपनी इस काबिलियत का अहसास नहीं था। उन्होंने अपनी सर्विस पर ही मैच खत्म कर दिया, लेकिन उन्हें इसका अहसास नहीं हुआ। वे बेसलाइन के पीछे ऐसे खड़े हो गए जैसे रिटर्न करने वाले हों। कुछ ही पलों बाद जब उन्हें पता चला कि वह जीत गए हैं तो उन्होंने जश्न मनाते हुए अपनी बांहें ऊपर उठा लीं।













