सोले व व्यास हमारे पुराने साथी : सीएम
लोकवाहिनी, संवाददाता
नागपुर। चुनाव में बड़ा उलटफेर करते हुए सीएम ने सोमवार शाम को अनिल सोले को समझाते हुए उम्मीदवार कोहले को समर्थन दिलाने सफल रहे। भाजपा द्वारा प्रो. अनिल सोले को किनारे करने के कारण खफा होकर उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में नामांकन भरकर भाजपा के उम्मीदवार सुधाकर कोहले के विरुद्ध ताल ठोंक दी थी। प्रदेशाध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री गडकरी के समझाने के बावजूद वे टस से मस नहीं हुए परन्तु सोमवार को सीएम फडणवीस के कहने पर उन्होंने अपनी तलवार म्यान में रख कोहले के लिए काम करने की गवाही दी।
नागपुर स्नातक चुनावों में भाजपा की बगावत आखिरकार सुझग गई है। बागी अनिल सोले ने अपना इस्तीफा वापस ले लिया है। उन्होंने सुधाकर कोहले को अपना समर्थक बनाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की विनम्रता आखिरकार रंग लाई। अनिल सोले और गिरीश व्यास ने भी अपने इस्तीफे वापस ले लिए हैं। सोमवार रात साढ़े 9 बजे मीडिया से चर्चा करते हुए सीएम ने कहा कि संगठन में पुराने लोगों को सम्मान व योग्य जगह नहीं मिलने के कारण कई बार उसका असर नाराजगी में देखने को मिलता है। इसलिए संगठन में बदलाव करने की जरूरत है। प्रो. अनिल सोले व गिरीश व्यास हमारे पुराने साथी है उन्होंने पार्टी को बढ़ाने के लिए दिन-रात काम किया है उन्हें ऐसे नहीं छोड़ा जा सकता। मीडिया से सोले ने कहा कि सीएम मेरे घर आ रहे हैं मुझे खबर मिलते ही मैं सारे काम छोड़कर चला आया।











