लोकवाहिनी, संवाददाता:नागपुर। विदर्भ में सिंचाई परियोजनाओं के वित्तीय प्रबंधन में तेजी लाने के उद्देश्य से सुवर्णा राहुल पांडे को विदर्भ सिंचाई विकास निगम (वीआईडीसी) का मुख्य लेखा एवं वित्त अधिकारी नियुक्त किया गया है। उन्होंने हाल ही में अपना नया पदभार ग्रहण किया और प्रशासनिक एवं वित्तीय क्षेत्रों में उनके व्यापक अनुभव से निगम के संचालन में अधिक अनुशासन और गतिशीलता आने की उम्मीद है।
सुवर्णा पांडे राज्य सरकार के वित्त एवं लेखा प्रबंधन क्षेत्र में एक अनुभवी अधिकारी के रूप में जानी जाती हैं। उन्होंने पहले भी विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर रहते हुए प्रशासनिक दक्षता का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने वसंतराव नाईक राज्य कृषि विस्तार प्रबंधन संस्थान (वनामती), नागपुर में निदेशक के रूप में जिम्मेदारी संभाली है। साथ ही, वरिष्ठ कोषागार अधिकारी और संयुक्त निदेशक, लेखा एवं कोषागार के पदों पर रहते हुए उन्होंने वित्तीय अनुशासन, निधि प्रबंधन और प्रशासनिक समन्वय में उल्लेखनीय कार्य किया है। उनकी नियुक्ति विदर्भ सिंचाई विकास निगम के लिए एक सुनहरा कदम मानी जा रही है।
अक्सर यह बात सामने आई है कि विदर्भ में कई सिंचाई परियोजनाएं धन की कमी या वित्तीय प्रक्रियाओं में देरी के कारण ठप पड़ी हैं। ऐसे समय में, यह उम्मीद की जाती है कि वित्तीय प्रबंधन में विशेषज्ञता रखने वाली एक अनुभवी अधिकारी के रूप में सुवर्णा पांडे परियोजनाओं की वित्तपोषण योजना में अधिक पारदर्शिता और दक्षता लाएंगी। निगम के वित्तीय लेन-देन में स्थिरता लाने, लंबित भुगतानों और वित्तीय अनुमोदन प्रक्रिया में तेजी लाने और चालू परियोजनाओं के लिए समय पर धन उपलब्ध कराने की प्रमुख जिम्मेदारी उन पर होगी। विशेष रूप से, विदर्भ में कृषि और जल प्रबंधन के संदर्भ में सिंचाई क्षेत्र से संबंधित परियोजनाओं का समय पर पूरा होना अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। इसलिए, आशा है कि उनके नेतृत्व में वित्तीय नियोजन अधिक कुशल बनेगा और कई रुकी हुई परियोजनाएं पूरी होंगी।
प्रशासन में अपने सहयोगियों के बीच सुवर्णा पांडे एक मेहनती, अनुशासित और कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी के रूप में जाने जाते हैं। कार्य की बारीकियों को समझते हुए निर्णय लेने की उनकी कार्यशैली कई विभागों में कारगर साबित हुई है। इसलिए, यह माना जाता है कि इसका वीआईडीसी के वित्तीय प्रबंधन पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। विदर्भ में जल संसाधन और सिंचाई परियोजनाओं की प्रगति के लिए वित्तीय नियोजन को अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में, प्रशासनिक हलकों में आशा व्यक्त की जा रही है कि सुवर्णा पांडे की नियुक्ति से निगम के वित्तीय मामलों को एक नई दिशा मिलेगी।









