भारत ने ई-वीज़ा पर देश में आने वाले विदेशी यात्रियों के लिए एंट्री की सुविधा को और बढ़ाया है। केंद्र सरकार ने ई-वीज़ा नेटवर्क में 22 नए एंट्री पॉइंट जोड़े हैं। इसके साथ ही, ई-वीज़ा वाले विदेशी नागरिकों के लिए भारत में एंट्री करने के लिए अब कुल 88 ‘पोर्ट ऑफ़ एंट्री’ उपलब्ध हैं। भारत-पाकिस्तान बॉर्डर पर अटारी लैंड क्रॉसिंग को भी इस नई लिस्ट में शामिल किया गया है। इसके अलावा, इस सिस्टम में कुछ नए एयरपोर्ट और लैंड एंट्री पॉइंट भी जोड़े गए हैं।
नए विस्तार के बाद, ई-वीज़ा के लिए उपलब्ध एंट्री पॉइंट में 37 एयरपोर्ट, 38 समुद्री पोर्ट और 13 लैंड एंट्री पॉइंट शामिल हैं। इससे टूरिज्म, बिजनेस, मेडिकल ट्रीटमेंट या दूसरे मकसद से भारत आने वाले विदेशी यात्रियों को ज़्यादा ऑप्शन मिलेंगे। यह सुविधा खास तौर पर उन यात्रियों के लिए ज़रूरी हो सकती है जो हवाई जहाज के अलावा सड़क या दूसरे तरीकों से भारत में एंट्री करते हैं। नए लैंड एंट्री पॉइंट में सड़क के रास्ते दरींगा, गेडे, घोजाडांगा, हरिदासपुर, जयगांव, दावकी, मोरेह और अटारी शामिल हैं। मध्य प्रदेश के भोपाल और आंध्र प्रदेश के तिरुपति एयरपोर्ट को भी ई-वीज़ा नेटवर्क में शामिल किया गया है। इससे देश के अलग-अलग हिस्सों में आने वाले विदेशी यात्रियों के लिए अपने ट्रैवल प्लान के हिसाब से एंट्री ऑप्शन चुनना आसान हो जाएगा।
हालांकि, इस ई-वीज़ा सुविधा के साथ कुछ ज़रूरी शर्तें भी जुड़ी हैं। यह सुविधा पाकिस्तानी पासपोर्ट होल्डर्स और पाकिस्तानी मूल के यात्रियों पर लागू नहीं है। ऐसे यात्रियों को इंडियन एंबेसी या विदेश में संबंधित इंडियन मिशन के ज़रिए रेगुलर वीज़ा के लिए अप्लाई करना होगा। इसलिए, ई-वीज़ा के लिए अपनी एलिजिबिलिटी चेक करने के बाद ही अपनी यात्रा प्लान करना ज़रूरी है। भारत के ई-वीज़ा सिस्टम में अभी यात्रा की 17 सब-कैटेगरी शामिल हैं। ई-वीज़ा सुविधा टूरिज़्म, बिजनेस, मेडिकल ट्रीटमेंट, स्टूडेंट विजिट, माउन्टेनियरिंग, क्रूज़, ग्रुप ट्रैवल और ट्रांजिट जैसे अलग-अलग मकसदों के लिए उपलब्ध है।
सरकार के मुताबिक, लगभग 95 प्रतिशत ई-वीज़ा एप्लीकेशन 72 घंटों के अंदर प्रोसेस हो जाती हैं। इसलिए, विदेशी नागरिकों के लिए इंडियन वीज़ा पाने के प्रोसेस को पहले से ज्यादा आसान और तेज़ बनाने की कोशिश की जा रही है। भारत ने 2014 में सिर्फ़ 43 देशों के नागरिकों के लिए ई-वीज़ा की सुविधा शुरू की थी। तब से, इस सिस्टम को काफ़ी बढ़ाया गया है और अब 172 देशों के नागरिकों के लिए ई-वीज़ा की सुविधा उपलब्ध है।
अभी भारत द्वारा जारी किए जाने वाले कुल वीज़ा में ई-वीज़ा की हिस्सेदारी लगभग 78 प्रतिशत है। सरकार के अनुसार, ई-वीज़ा नेटवर्क का विस्तार विदेशी यात्रियों के लिए भारत में एंट्री प्रोसेस को आसान और ज्यादा स्ट्रीमलाइन बनाने की कोशिशों का हिस्सा है। टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल बढ़ाकर असली यात्रियों के लिए प्रोसेस को आसान बनाने के साथ-साथ सुरक्षा इंतज़ामों को मज़बूत करने पर भी ज़ोर दिया जा रहा है। नए एंट्री पॉइंट जुड़ने से विदेशी टूरिस्ट और दूसरे यात्री अपनी यात्रा को ज्यादा आसानी से प्लान कर पाएंगे।












