75% से अधिक उपभोक्ता कर रहे ऑनलाइन बिजली बिल भुगतान
लोकवाहिनी, संवाददाता
नागपुर। डिजिटल युग की रफ्तार के साथ कदम मिलाकर चलते हुए नागपुर जिले के बिजली उपभोक्ताओं ने एक नया और शानदार रिकॉर्ड बनाया है। जुलाई 2026 में उपभोक्ताओं द्वारा किए गए बिजली बिल भुगतान के आंकड़ों के अनुसार, जिले के 75.50 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने बिजली बिल भुगतान के लिए ऑनलाइन और डिजिटल विकल्पों को प्राथमिकता दी है। बिजली बिलों का भुगतान करने के लिए बिजली कार्यालयों या संग्रहण केंद्रों पर लगने वाली लंबी कतारें और घंटों का इंतजार अब बीते दिनों की बात हो गई है और यह नागपुरवासियों के सही मायने में डिजिटल होने का स्पष्ट प्रमाण है। यह जानकारी महावितरण, नागपुर सर्कल के मुख्य अभियंता राजेश नाईक ने दी।
उन्होंने बताया कि महावितरण द्वारा उपभोक्ताओं के लिए उपलब्ध कराए गए अत्यंत सुविधाजनक, तेज और सुरक्षित डिजिटल प्लेटफॉर्म एक बड़ा वरदान साबित हुए हैं। नागपुर जिले में जुलाई 2026 में कुल 12 लाख 75 हजार 825 उपभोक्ताओं ने बिजली बिल का भुगतान किया, जिससे 478 करोड़ 97 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। गौरतलब है कि इनमें से 9 लाख
72 हजार 9 उपभोक्ताओं ने अकेले ऑनलाइन माध्यम से महावितरण कोष में 394 करोड़ 43 लाख रुपये का भुगतान किया है। मार्च 2026 की तुलना में ऑनलाइन बिल भुगतान करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या में 4.47 प्रतिशत और डिजिटल माध्यम से एकत्रित कुल राजस्व में 5.17 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जो बहुत ही सकारात्मक बात है। न केवल शहर, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र भी इस डिजिटल प्रवाह में पीछे नहीं हैं। नागपुर शहर में सबसे अधिक ग्राहकों ने, 77.24 प्रतिशत से अधिक, डिजिटल भुगतान के माध्यम से 314 करोड़ 35 लाख रुपये (राजस्व का 82.32 प्रतिशत) जमा किए हैं। वहीं,
ग्रामीण क्षेत्रों में 73.77 प्रतिशत ग्राहकों ने 80 करोड़ रुपये (राजस्व का 82.48 प्रतिशत) ऑनलाइन जमा किए हैं, जो ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती तकनीकी साक्षरता और प्रगतिशील सोच का एक उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करता है। नागपुर जिले में यह बढ़ती संख्या राज्य के लिए एक प्रेरणादायक आदर्श बन रही है।
उन्होंने बताया कि महावितरण ने डिजिटल भुगतान करने वाले अपने ग्राहकों के लिए कई लाभप्रद योजनाएं शुरू की हैं। जो ग्राहक आधिकारिक वेबसाइट www.mahadiscom.in, महावितरण मोबाइल ऐप, महापावर पे और अन्य भुगतान गेटवे के माध्यम से
अपने बिलों का भुगतान करते हैं, उन्हें 500 रुपये तक की मासिक 0.25 प्रतिशत की छूट मिलती है। साथ ही, जो ग्राहक निर्धारित समय सीमा से पहले अपने बिलों का भुगतान करते हैं, उन्हें तत्पर भुगतान छूट और कागजी बिलों के बजाय पर्यावरण के अनुकूल गो-ग्रीन विकल्प चुनकर सालाना 120 रुपये की अतिरिक्त बचत करने का सुनहरा अवसर मिलता है। क्रेडिट कार्ड को छोड़कर अन्य सभी माध्यमों से बिल भुगतान करने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगता है। समय की बचत, चौबीसों घंटे (24×7) उपलब्ध सुविधा और पूर्ण पारदर्शिता इस प्रणाली की मुख्य विशेषताएं हैं।
बिजली बिल का ऑनलाइन भुगतान होते ही ग्राहक को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से तुरंत रसीद मिल जाती है और पिछली सभी भुगतान जानकारी वेबसाइट पर आसानी से उपलब्ध हो जाती है। यह पूरी भुगतान प्रक्रिया अत्यंत सुरक्षित है और भारतीय रिजर्व बैंक के भुगतान एवं निपटान अधिनियम-2007 के सख्त प्रावधानों के अधीन है। इस प्रकार ग्राहक के वित्तीय लेन-देन की पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित होती है।













