राज्य के कांग्रेस नेता राष्ट्रवादी को गलत बॉक्स में बैठाते हैं : सुप्रिया सुले का पृथ्वीराज चव्हाण पर तंज
लोकवाहिनी, संवाददाता
मुंबई। निर्वाचन क्षेत्र पुनर्रचना विधेयक को लेकर कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण द्वारा शरद पवार पर तंज कसने के बाद उस पर सांसद सुप्रिया सुले ने जवाब दिया है। मनुस्मृतिवादियों के साथ मत जाइए, ऐसा पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा था। इस पर राज्य के कांग्रेस नेता राष्ट्रवादी को गलत बॉक्स में बैठाते हैं, शायद केंद्र के कांग्रेस नेताओं के साथ उनका समन्वय नहीं हो पाता है, ऐसा तंज सुप्रिया सुले ने कहा। केंद्र के कांग्रेस नेताओं के साथ हमारा लगातार संवाद होता है, लेकिन राज्य के कांग्रेस नेता राष्ट्रवादी को हमेशा गलत बॉक्स में बैठाते हैं। महाराष्ट्र और दिल्ली के कांग्रेस नेताओं के संवाद में गैप होने की बात सुप्रिया सुले ने कही। बीड के विलास घुले मामले में सांसद बजरंग सोनवणे के बेटे को आरोपी बनाने की मांग की जा रही है। इस पर बोलते हुए सुप्रिया सुले आक्रामक हो गई। गंदी राजनीति घर तक मत लाओ। गलत तरीके से झूठे केस दर्ज किए गए तो हम इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे। अपनी राजनीतिक रोटी सेकने के लिए बजरंग सोनवणे पर आरोप लगाएंगे, तो शरद पवार और पूरी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी उनके पीछे मजबूती से खड़ी रहेगी, ऐसा सीधा इशारा उन्होंने दिया।
कांग्रेस नेता और विपक्ष के नेता राहुल गांधी पुणे में संगठन के कार्यक्रम के लिए आ रहे हैं। हालांकि, उनके इस दौरे और कार्यक्रम पर प्रशासन द्वारा लगाई जा रही शर्तों पर सुप्रिया सुले ने सवाल उठाया। राहुल गांधी देश के विपक्ष के नेता हैं, वे लोकतांत्रिक तरीके से कार्यक्रम कर रहे हैं। फिर उनके संगठन के कार्यक्रम पर इतनी शर्तें क्यों लगाई जा रही हैं? ऐसा सवाल उन्होंने पूछा। पृथ्वीराज चव्हाण ने दिसंबर 2014 में ही महाविकास आघाडी (एमबीए) बनाने का प्रस्ताव आया था, ऐसा सनसनीखेज दावा किया। शिवसेना, कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस मिलकर 2014 में सरकार बनाने का विचार था, लेकिन हमारी पार्टी को शिवसेना के साथ जाना मंजूर नहीं था, इसलिए मैंने उस प्रस्ताव को वहीं के वहीं खारिज कर दिया, ऐसा चव्हाण ने स्पष्ट किया। हालांकि, आगे 2019 में देवेंद्र फडणवीस द्वारा 175 नेताओं को तोड़ने के कारण ही हमने शिवसेना के साथ जाने की तैयारी दिखाई और मविआ का प्रस्ताव रखा, ऐसा उन्होंने बताया। राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव की पृष्ठभूमि में महाविकास आघाडी के घटकों के बीच यह विवाद और एक-दूसरे पर किए गए दावे-प्रतिदावे बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। पृथ्वीराज चव्हाण के गॉएप्सकोट के बाद सुप्रिया सुले द्वारा दिया गया यह जवाब मविआ के आंतरिक मतभेदों को सामने लाने वाला साबित हुआ है।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के फाउंडर मेंबर शरद पवार
हमारी उनके साथ सुप्रीम कोर्ट में लड़ाई शुरू है। आज भी मैं अपने मत पर कायम हूं। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के फाउंडर मेंबर शरद पवार कल भी थे, आज भी हैं और कल भी रहेंगे। हमारा केस इलेक्शन कमीशन के पास गया। हमारे संविधान के अनुसार, हमारे संविधान में विधायक-सांसद क्या कहते हैं, उससे ज्यादा महत्वपूर्ण यह है कि संगठन किसके साथ है, ऐसा सुप्रिया सुले ने कहा। आठ सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में हो चुकी हैं। शरद पवार हर सुनवाई में मौजूद थे। सुप्रीम कोर्ट में हमें सुनवाई की तारीख नहीं मिल रही है। शरद पवार ने पार्टी की हमारे लिए व्यवस्था कर दी है। अजित पवार गुट के खिलाफ हमारा कोर्ट केस चल रहा है। हमारी लड़ाई इस बात के लिए है जिनका यह पक्ष है, उन्हें ही मिलना चाहिए। उन्हें वह पार्टी मिलने के बाद क्या करना है, यह शरद पवार तय करेंगे। यह एक संगठन है। किसी की मिलकियत नहीं है। पार्टी गलत तरीके से पवार साहब से छीन ली गई। पवार साहब के साथ अन्याय हुआ। नियम-कानूनों में मनमानी नहीं चलती। यह देश संविधान से चलता है। यह नैतिकता की लड़ाई है। यह लड़ाई व्यक्ति के खिलाफ नहीं, प्रक्रिया के खिलाफ है।













