तीन निर्वाचन क्षेत्रों में महायुति, दो में मविआ के बागी
मुंबई। विधानपरिषद की पांच सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान हो रहा है। शुक्रवार उम्मीदवारी वापस लेने की आखिरी तारीख थी। इसलिए सबकी निगाहें इस बात पर टिकी थीं कि कौन अपनी उम्मीदवारी वापस लेगा। नागपुर, पुणे, छत्रपती संभाजीनगर स्नातक और पुणे एवं अमरावती शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव हो रहे हैं। उम्मीदवारी वापस लेने के दिन, इनमें से तीन निर्वाचन क्षेत्रों में महायुति और दो निर्वाचन क्षेत्रों में महाविकास आघाडी को और भी मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा। पुणे स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के बागी उम्मीदवार भैया माने ने शुक्रवार दोपहर को चुनाव से अपना नाम वापस ले लिया। इसी निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के शरद लाड ने भी आवेदन दाखिल किया था। हालांकि, स्मिता जाधव का आवेदन वैध घोषित होने के बाद उन्होंने भी अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली। इसलिए, अब पुणे स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में महायुति पार्टी की स्मिता जाधव और महाविकास आघाडी पार्टी के हर्षदा देशमुख के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिलेगा। पूर्व विधायक दत्ता सावंत ने भी अपनी उम्मीदवारी बरकरार रखी है। ये स्वतंत्र उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं।
पुणे शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र महायुति पार्टी के मंगेश चिबटे ने पुणे शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली है। चिबटे ने शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे अपनी उम्मीदवारी वापस ली। अब पुणे शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में महायुति पार्टी के कौस्तुभ गावडे और महाविकास आघाडी के जयंत असगांवकर के बीच कड़ा मुकाबला है। वहीं दूसरी ओर, शिवसेना मंत्री उदय सामंत के पूर्व ओएसडी सचिन सनप ने भी वहां से बगावत कर दी है। इससे इस निर्वाचन क्षेत्र में महायुति पार्टी की मुश्किलें और बढ़ जाएंगी।
छत्रपती संभाजीनगर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र
छत्रपती संभाजीनगर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र लंबे समय से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी का गढ़ रहा है। भाजपा के एम.के. देशमुख ने यहां बगावत की थी। उन्होंने शुक्रवार को अपना नाम वापस ले लिया। इसके चलते मराठवाड़ा की इस स्नातक सीट पर भाजपा की उम्मीदवारी टल गई है। वहीं दूसरी ओर, उद्धव ठाकरे की शिवसेना के उम्मीदवार दिलीप घुगे ने यहां से चुनाव लड़ा है, वहीं शरद पवार की एनसीपी के उम्मीदवार प्रतापसिंह पाटिल उनके खिलाफ मैदान में उतरे हैं। इसलिए सबकी निगाहें महाविकास आघाडी और महायुति के बीच होने वाले मुकाबले पर टिकी हैं।
नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र
नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में महायुति और महाविकास आघाडी में बगावत हो गई है। इसके चलते दोनों ही पार्टियों में विद्रोह हो गया है। भाजपा के पूर्व विधायक अनिल सोले ने भाजपा के पूर्व विधायक सुधाकर कोहले के खिलाफ बगावत कर दी है। नामांकन वापस लेने के आखिरी दिन शरद पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस के नितेश कराले ने महाविकास आघाडी के उम्मीदवार और विधायक अभिजीत वंजारी के खिलाफ बगावत कर दी है। इसलिए, यहाँ का चुनाव काफी रोमांचक होने वाला है।













