कांग्रेस के खिलाफ भाजपा युवा मोर्चा का अनोखा आंदोलन
लोकवाहिनी, संवाददाता
नागपुर। लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया है, जिससे भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने आ गए हैं। बुधवार सुबह नागपुर में भी इसका असर देखने को मिला, जहां भाजपा कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी की प्रतीकात्मक प्रतिमा को मानसिक अस्पताल में भर्ती कराने की कोशिश की। इससे नागपुर के राजनीतिक अखाड़े में बदलने की संभावना है।
भारतीय जनता युवा मोर्चा द्वारा एक अनोखा विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन में भारतीय जनता युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने अस्पताल प्रशासन से राहुल गांधी की प्रतिमा को इलाज के लिए क्षेत्रीय मनोरोग अस्पताल में भर्ती कराने का आग्रह किया। राहुल गांधी का मानसिक संतुलन ठीक नहीं है, ये बार-बार आरएसएस, प्रधानमंत्री मोदी, चुनाव आयोग और भाजपा पर निराधार आरोप लगाते हैं, हमारे डॉक्टरों का कहना है कि उन्हें मानसिक उपचार की आवश्यकता है। इसलिए, भारतीय जनता युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने यह मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन किया है कि उन्हें नागपुर के क्षेत्रीय मनोरोग अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया जाए और उनके स्वास्थ्य का ध्यान रखा जाए।
गुप्त आंदोलन, कार्यकर्ता अचानक आ धमके
राहुल गांधी के विरोध में भाजपा कार्यकर्ता बुधवार सुबह चुपके से पागलखाना चौक स्थित मानसिक अस्पताल पहुंच गए और उनकी प्रतीकात्मक प्रतिमा को मानसिक अस्पताल में भर्ती कराने की मांग करने लगे। इससे मानसिक अस्पताल प्रशासन में अफरा-तफरी मच गई। भाजपा शहर अध्यक्ष दयाशंकर तिवारी, भाजयुमो नगर अध्यक्ष सचिन कराre, प्रशांत भोयर के नेतृत्व में कुछ कार्यकर्ता डॉक्टरों का वेश धारण करके आए और प्रतिमा का इलाज करने का नाटक किया। भाजपा नगर अध्यक्ष करारे ने कहा कि राहुल गांधी लगातार चुनाव आयोग और भाजपा नेताओं पर देश में धांधली का आरोप लगा रहे हैं और उनका दिमाग चोरी हो गया है, इसलिए उनकी प्रतीकात्मक प्रतिमा को मानसिक अस्पताल में भर्ती कराया गया है।












