5-6 टन की लेथ मशीन समेत भारी मात्रा में हथियार बनाने का सामान बरामद
लोकवाहिनी संवाददाता
गड़चिरोली। जिले में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को एक और बड़ी सफलता मिली है। महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा से लगे बालवेडा जंगल क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा जमीन के नीचे छिपाकर रखी गई एक गुप्त हथियार निर्माण फैक्ट्री का गड़चिरोली पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) ने संयुक्त अभियान में भंडाफोड़ कर दिया। कार्रवाई के दौरान 5 से 6 टन वजनी लेथ मशीन, 150 क्लेमोर और बीजीएल पाइप, 220 बारह बोर पाइप, 20 राइफल राउंड मेटल पट्टियां तथा हथियार निर्माण में इस्तेमाल होने वाली बड़ी मात्रा में अन्य सामग्री बरामद की गई। दुर्गम और पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण इस सामग्री को बाहर निकालना संभव नहीं था, इसलिए सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए इसे घटनास्थल पर ही नष्ट कर दिया गया। प्राथमिक जांच के अनुसार, नक्सलियों ने सुरक्षा बलों पर बड़े हमले करने, चुनाव और नक्सल सप्ताह के दौरान हिंसक घटनाओं को अंजाम देने तथा अपने हथियारों का जखीरा बढ़ाने के उद्देश्य से इस गुप्त फैक्ट्री की स्थापना की थी। इससे पहले 23 और 27 मई को भी सुरक्षा बलों ने ऐसी ही कार्रवाई में भारी मात्रा में हथियार और विस्फोटक सामग्री बरामद की थी। ताजा कार्रवाई को नक्सलियों की रसद व्यवस्था पर बड़ा झटका माना जा रहा है। बालवेडा जंगल में हथियार निर्माण सामग्री छिपाए जाने की गोपनीय सूचना मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के निर्देशन में 26 जून को विशेष अभियान दल सी-60, प्राणहिता टीम, बम खोज एवं निर्णियकरण दस्ता (बीडीडीएस) तथा सीआरपीएफ की कुल छह टुकड़ियों को सर्च ऑपरेशन के लिए रवाना किया गया।
■ जमीन के नीचे छिपा था हथियारों का जखीरा
27 जून को सुरक्षा बलों ने संदिग्ध क्षेत्र की घेराबंदी कर तलाशी अभियान चलाया। बीडीडीएस टीम की गहन जांच में जमीन के नीचे दबाकर रखा गया हथियार निर्माण का बड़ा भंडार बरामद हुआ। बरामद सामग्री में भारी-भरकम लेथ मशीन, क्लेमोर और बीजीएल पाइप, बारह बोर पाइप, राइफल रोड मेटल पट्टियां तथा अन्य उपकरण शामिल थे। दुर्गम इलाके के कारण वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर पूरी सामग्री को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। गड़चिरोली जिले में लगातार चल रहे नक्सल विरोधी अभियानों से नक्सली संगठन की गतिविधियां कमजोर पड़ती जा रही हैं। यह अभियान पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के नेतृत्व में अपर पुलिस अधीक्षक (अभियान) कार्तिक मधिरा, अपर पुलिस अधीक्षक (प्रशासन) गोकुल राज जी, पुलिस उपाधीक्षक (अभियान) विशाल नागरगोजे, विशेष अभियान दल, प्राणहिता, इंटेलिजेंस सेल, बीडीडीएस और सीआरपीएफ के जवानों ने संयुक्त रूप से सफलतापूर्वक पूरा किया। इस साहसिक कार्रवाई के लिए वरिष्ठ अधिकारियों ने अभियान में शामिल सभी जवानों की सराहना की है।











