तेहरान, एजेंसी:ईरान के वरिष्ठ अधिकारी और रिवोल्यूशनरी गार्ड के पूर्व कमांडर मोहसिन रजाई ने अमेरिका को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर अमेरिका ने कोई हिमाकत की, तो होर्मुज जलडमरूमध्य को अमेरिकी सेना की कब्रगाह बना दिया जाएगा। मोहसिन रजाई पहले ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड (आईआरजीसी) में कमांडर रह चुके हैं। उन्होंने अमेरिकी सेना को समुद्री लुटेरा (पाइरेट) बताते हुए कहा कि अमेरिका दुनिया का इकलौता ऐसा पाइरेट है जिसके पास एयरक्राफ्ट कैरियर हैं। रजाई ने पिछले महीने इस्फ़हान में एक अमेरिकी एफ-15ई विमान गिराए जाने का जिक्र करते हुए कहा कि जैसे उस विमान का मलबा पड़ा था, वैसे ही अमेरिकी जहाजों और सैनिकों का भी अंजाम हो सकता है।
दूसरी ओर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी इजरायल और मिडिल ईस्ट के हालातों के बीच ईरान को चेताया है। ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान ने कोई भी गलत कदम उठाया, तो उस पर फिर से हमले शुरू कर दिए जाएंगे। ट्रंप का दावा है कि फिलहाल तेहरान भारी दबाव में है और वह समझौता करने की कोशिश कर रहा है। ट्रुथ सोशल पर जानकारी दी कि पाकिस्तान की मध्यस्थता के जरिए ईरान की ओर से एक 14 सूत्रीय शांति प्रस्ताव मिला है। अमेरिकी प्रशासन फिलहाल इस प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा है। ईरान के अधिकारियों का कहना है कि उनके प्रस्ताव में सबसे पहले होर्मुज के रास्ते को खोलने और अमेरिकी नाकेबंदी खत्म करने की शर्त रखी गई है, जबकि परमाणु मुद्दे पर बाद में बात होगी।
ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह 14-पॉइंट का प्रस्ताव अमेरिका के 9-पॉइंट प्लान के जवाब में भेजा गया है। इसमें 30 दिनों के भीतर सभी मुद्दों के समाधान, भविष्य में हमलों के खिलाफ गारंटी, क्षेत्र से अमेरिकी सैनिकों की वापसी, फ्रीज किए गए ईरानी एसेट्स को रिलीज करने, प्रतिबंध हटाने और युद्ध के मुआवजे की मांग शामिल है।









